राजपाल यादव को जेल, चेक बाउंस मामले में दिल्‍ली हाई कोर्ट का फैसला; साथ में लगा जुर्माना

राजपाल यादव को जेल, चेक बाउंस मामले में दिल्‍ली हाई कोर्ट का फैसला; साथ में लगा जुर्माना

बॉलीवुड के मशहूर कॉमेडियन एक्टर राजपाल यादव को दिल्ली हाई कोर्ट से बड़ा झटका लगा है. कोर्ट ने चेक बाउंस केस में उन्‍हें 3 महीने जेल की सजा सुनाई है. शुक्रवार को सुनवाई करते हुए कोर्ट ने फैसला सुनाया और सजा के साथ एक्‍टर पर जुर्माना भी लगाया है. साथ ही सजा बरकरार रखते हुए राजपाल यादव के व्यवहार को ‘संदिग्ध’ बताया और अधिकारियों से उन्हें वापस जेल भेजने को कहा.

दिल्ली हाई कोर्ट ने अपने फैसले में राजपाल यादव की उस चुनौती को स्वीकार करने से इनकार कर दिया, जिसमें उन्होंने निचली अदालत के फैसले को रद करने की मांग की थी. इसके साथ ही चेक बाउंस मामलों में उनकी दोषसिद्धि और सजा यथावत रहेगी.

राजपाल यादव दोषी करार 

यह मामला कई चेक बाउंस मामलों से जुड़ा है, जिनमें ट्रायल कोर्ट ने अभिनेता को दोषी ठहराया था. राजपाल यादव ने इस फैसले को हाई कोर्ट में चुनौती दी थी, लेकिन शुक्रवार को अदालत ने उनकी अपील खारिज कर दी. साल 2018 में ट्रायल कोर्ट ने राजपाल यादव और उनकी पत्नी को इन मामलों में 6 महीने की सजा सुनाई, जिसे बाद में सेशन कोर्ट ने भी बरकरार रखा.

दिल्ली हाई कोर्ट ने बाद में सजा पर अंतरिम रोक लगाई और बकाया राशि चुकाने के लिए कई मौके दिए. लेकिन अदालत के मुताबिक बार-बार दिए गए आश्वासनों के बावजूद भुगतान पूरा नहीं हुआ. इसी वजह से हाई कोर्ट ने उनकी अंतरिम राहत वापस लेते हुए उन्हें सरेंडर करने का आदेश दिया.

क्या है पूरा मामला?

जानकारी के मुताबिक, राजपाल यादव का यह मामला साल 2010 का है. उन्होंने दिल्ली स्थित मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से अपनी पहली फिल्म ‘अता पता लापता’ बनाने के लिए 5 करोड़ रुपये उधार लिए थे. हालांकि फिल्म फ्लॉप हो गई, जिसके बाद विवाद शुरू हो गया. एक्टर का दावा है कि वे अपनी 28 करोड़ की संपत्ति के कागजात अदालत में पेश कर चुके हैं, लेकिन शिकायतकर्ता उन्हें जेल भेजना चाहता है. 

बता दें कि कोर्ट ने यह भी माना कि एक्टर फरार नहीं हैं और लगातार अदालत में पेश हो रहे हैं. इसी के साथ उन्होंने पहले ही कुछ भुगतान भी किया है, इसलिए फिलहाल उन्हें जेल भेजने की जरूरत नहीं है. 

Bureau Report

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