ब्यूटी पैजेंट्स की दुनिया में कदम रखने के बाद अक्सर देखा जाता है कि लड़कियां मॉडल, एक्ट्रेस या फिर एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री की तरफ रुख करती हैं. लेकिन मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 की फाइनलिस्ट उमांगा कुमावत ने एक बिल्कुल अलग और प्रेरणादायक रास्ता चुना है. जयपुर में मिस यूनिवर्स इंडिया के ग्रैंड फिनाले के महज कुछ ही दिनों बाद वो ग्लैमर की दुनिया से निकलकर वापस अपने गूगल के लैपटॉप, मीटिंग्स और 9 से 5 की कॉर्पोरेट लाइफ में लौट आई हैं.
जयपुर में आयोजित हुए मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 के नेशनल फिनाले में देश भर से 52 चुनिंदा फाइनलिस्ट्स ने हिस्सा लिया था. इस कॉम्पटीशन में उमांगा कुमावत ने मध्य प्रदेश का प्रतिनिधित्व किया था और अपनी खूबसूरती और समझदारी के दम पर टॉप-20 फाइनलिस्ट्स में अपनी जगह बनाई थी. हालांकि इस पैजेंट का खिताब केरल की काजिया लिज मेजिया ने अपने नाम किया, लेकिन उमांगा ने भी अपनी खास छाप छोड़ी.
गूगल की क्लाउड इंजीनियर हैं उमांगा
पैजेंट खत्म होते ही उमांगा ने अपने प्रोफेशनल करियर को प्राथमिकता दी. वो बेंगलुरु में गूगल के ऑफिस में बतौर क्लाउड इंजीनियर काम करती हैं. आमतौर पर ब्यूटी क्वीन बनने के बाद लोग बॉलीवुड या मॉडलिंग का रास्ता चुनते हैं, लेकिन उमांगा ने साबित किया कि अपनी पसंद और सपनों के साथ-साथ एक कॉर्पोरेट जॉब को भी बखूबी बैलेंस किया जा सकता है.
गूगल कैंपस से शेयर किया वायरल वीडियो
हाल ही में उमांगा ने अपने इंस्टाग्राम और सोशल मीडिया हैंडल पर एक मिनट का ‘डे इन माय लाइफ’ वीडियो शेयर किया है. इस वीडियो में उन्होंने दिखाया है कि मिस यूनिवर्स इंडिया के मंच पर जलवा बिखेरने के बाद अब उनकी नॉर्मल लाइफ कैसी दिखती है. इस वीडियो में उनके सुबह ऑफिस जाने से लेकर काम करने और ब्रेक लेने तक का पूरा रूटीन नजर आ रहा है.
उमांगा का दिन सुबह करीब 9:30 बजे शुरू होता है. वीडियो की शुरुआत में वो आम युवाओं की तरह इस बात को लेकर उलझन में दिखती हैं कि आज ऑफिस क्या पहनकर जाया जाए. इसके बाद वो एक रेड ट्राउजर और ब्लैक टॉप चुनती हैं. फिर अपना लैपटॉप स्लीव, बैकपैक और ईयरबड्स उठाकर बेंगलुरु स्थित गूगल कैंपस के लिए निकल जाती हैं.
वर्कआउट से लेकर नूडल सूप का लंच
ऑफिस पहुंचकर सुबह 10:30 बजे उमांगा गूगल के वेलनेस सेंटर यानी जिम में वर्कआउट करती हैं. ट्रेडमिल पर रनिंग और लेग एक्सरसाइज करने के बाद वो फॉर्मल कपड़ों में चेंज करती हैं. दोपहर 12:30 बजे तक वो पूरी तरह से वर्क मोड में आ जाती हैं, जहां उनका लैपटॉप, नोटबुक और ऑफिस डाक्यूमेंट्स खुले होते हैं. दोपहर 2:10 बजे लंच टाइम में गूगल कैफेटेरिया के भारी-भरकम खाने के बजाय वो सिंपल नूडल सूप और ग्रीन वेजीज खाना पसंद करती हैं.
शाम को कॉफी ब्रेक और दिन का अंत
दोपहर 3 बजे तक उमांगा दोबारा अपनी डेस्क पर काम शुरू कर देती हैं. शाम 4:30 बजे के करीब वो ऑफिस के एक शांत लाउंज में जाकर काम करती हैं जहां से कैंपस का खूबसूरत नजारा दिखता है. शाम 5:30 बजे वो कियोस्क से अपनी हॉट कॉफी ऑर्डर करती हैं और इसके बाद लिफ्ट की तरफ बढ़कर अपने दिन का एंड करती हैं. उनका यह सादगी भरा और इंस्पायरिंग रूटीन यूथ को काफी पसंद आ रहा है.
Bureau Report
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