खाड़ी देशों के बीच जारी जंग के बीच सोने-चांदी के भाव में बड़ी गिरावट आ रही है. अगर सिर्फ युद्ध शुरू होने के बाद से देखें तो 28 फरवरी को जब अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच जंग शुरू हुई, उस वक्त 24 कैरेट शुद्धता वाले सोने का रेट 1,66,469 रुपये प्रति 10 ग्राम और 1 किलो चांदी 2,89,848 रुपये पर है. इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट पर जारी रेट लिस्ट के मुताबिक आज 24 कैरेट वाला सोना 1,34,600 रुपये प्रति 10 ग्राम और 1 किलो चांदी का भाव 2,01,500 रुपये है.
युद्ध के बाद से कितना सस्ता हुआ सोना-चांदी
28 फरवरी से लेकर अब तक सोने की कीमत में 31,869 रुपये की कमी आ चुकी है. इसी तरह से चांदी की कीमत 88,338 रुपये तक गिर चुकी है. सोने-चांदी की कीमत में जारी इस गिरावट के बाद लोगों को उम्मीद है कि सोना एक बार फिर से 1 लाख रुपये के नीचे आएगा. अगर आज के भाव की तुलना सोने-चांदी के ऑल टाइम हाई से करें तो कीमतों में और भी बड़ा अंतर आ चुका है. 29 जनवरी 2026 को चांदी अपने ऑल टाइम हाई मूल्य 3.86 लाख रुपये पर पहुंच गई थी. यानी चांदी इस मूल्य से 1.84 लाख सस्ती हो चुकी है. इसी तरह से अगर गोल्ड की बात करें तो 29 जनवरी को सोने का ऑल टाइम हाई वैल्यू 1.76 लाख रुपये पर पहुंच गया था. बीते 53 दिन में सोना 40,980 रुपये तक सस्ता हो चुका है.
आज क्या है 24 कैरेट से लेकर 18 कैरेट वाले सोने का भाव
इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट पर जारी रेटलिस्ट के मुताबिक आज सोने-चांदी की कीमत कुछ इस तरह से हैं.
- 24 कैरेट शुद्धता वाले सोने की कीमत 1,34,600 रुपये प्रति 10 ग्राम.
- 22 कैरेट शुद्धता वाले सोने की कीमत 1,23,789 रुपये प्रति 10 ग्राम.
- 18 कैरेट शुद्धता वाले सोने की कीमत 1,01,356 रुपये प्रति 10 ग्राम.
- 1 किलो चांदी की कीमत आज 2,01,500 रुपये पर पहुंच गई है.
क्या 1 लाख के नीचे आएगा सोना, क्या 1.50 लाख के भाव बिकेगी चांदी ?
ईरान-इजरायल युद्ध के बीच सोने-चांदी की कीमतों में लगातार गिरावट जारी है. Comex पर सोना 4.88 प्रतिशत गिरकर 4,351.50 डॉलर प्रति औंस पर आ गया. जबकि चांदी 7.13 फीसदी गिरकर 64.70 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया. MCX पर देखें तो सोमवार को सोना 10.10 प्रतिशत गिरकर 1,29,900 रुपये प्रति 10 ग्राम पर और चांदी 11.55 प्रतिशत गिरकर 2,00,572 रुपये प्रति किलो पर आ गई. ऐसे में लोगों के मन में सवाल उठने लगे हैं कि क्या सोना 1 लाख से नीचे और चांदी 1.50 लाख से नीचे आ जाएगा. इसका जवाब स्पष्ट तौर पर नहीं दिया जा सकता, लेकिन अनुमान लगाया जा रहा है कि सोने-चांदी में अभी अस्थिरता जारी रहेगा. ये इस बात पर निर्भर करता है कि युद्ध कौन सा मोड़ लेता है. अगर मिडिल ईस्ट की जंग इसी तरह से जारी रही, युद्ध का तनाव बढ़ता रहा और अमेरिकी डॉलर की मजबूती जारी रही तो सोना अभी और गिर सकता है. युद्ध की स्थिति में डॉलर तो मजबूत हो रहा है, लेकिन बढ़ती महंगाई के चलते ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदें कम होती जा रही है. अगर केंद्रीय बैंकों ने ब्याज दरों में बढ़ोतरी की तो सोना-चांदी और गिरेगा.
Bureau Report
Leave a Reply