देश भर के राज्यों में स्कूलों से संबंधित टाइम टेबल और छुट्टियों को लेकर अलग-अलग तरह की घोषणाएं होती रहती हैं. कई बार त्योहार के कारण तो कभी मौसम की स्थिति के हिसाब से भी स्कूलों का टाइम अलग-अलग हो सकता है. कुछ राज्य हैं जहां के स्कूलों में चौथे शनिवार को छुट्टी रहती है. हर महीने का चौथा शनिवार स्टूडेंट्स के लिए हॉलेड वाला रहता है. जबकि, रविवार की छुट्टी देश के सभी स्कूलों में रहती है. वहीं, एक राज्य सरकार की ओर से शनिवार को हाफ डे का ऐलान किया है. ऐसे में स्कूल के बच्चों के लिए शनिवार को आधी छुट्टी रहेगी.
कहां हुई स्कूल की आधी छुट्टी को लेकर घोषणा?
बिहार के शिक्षा विभाग की ओर से घोषणा की गई है कि सभी सरकारी स्कूलों में बच्चों के लिए शनिवार को हाफ डे रहेगा. कक्षा पहली से 8वीं के छात्रों के लिए शनिवार को स्कूलों में आधे दिन पढ़ाई की व्यवस्था की गई है. सरकार के आदेश अनुसार बिहार के सभी सरकारी स्कूलों में शनिवार को हाफ-डे की व्यवस्था लागू की गई है.
क्यों लागू की गई स्कूल में हाफ-डे की व्यवस्था?
माध्यमिक शिक्षा निदेशक सज्जन आर. के हस्ताक्षर के बाद पहले ही 12 दिसंबर 2025 के आदेश में थोड़ा सा संशोधन किया है. इसके बाद शिक्षा विभाग ने पढ़ाई के घंटों को कम करने और एक्स्ट्रा एक्टिविटी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ये कदम उठाया है. सरकार के निर्देश के अनुसार बिहार के सभी प्राथमिक, माध्यमिक और उच्च माध्यमिक स्कूलों में शनिवार को पढ़ाई सिर्फ आधे दिन हुआ करेगी.
स्कूलों में शनिवार को क्या रहेगा टाइमटेबल?
स्कूल के टाइमटेबल के अनुसार सोमवार से शुक्रवार तक सरकारी स्कूलों में वैसे ही पढ़ाई होगी जैसी होती आई है. स्कूल का समय सुबह 9.30 बजे से शाम 4 बजे तक रहेगा, लेकिन शनिवार को स्कूल का समय सुबह 9.30 बजे से दोपहर 1 बजे तक रहेगा. कक्षा 1 से 8वीं के बच्चों के लिए शनिवार को हाफ डे की व्यवस्था लागू की गई है. लंच का समय दोपहर 12 से 12.40 तक रहेगा. शनिवार को लंच का समय पूरा होते ही पहली से आठवीं के छात्रों की छुट्टी कर दी जाएगी.
क्या बिहार में शिक्षकों के लिए भी शनिवार को आधी छुट्टी?
बिहार सरकार के आदेश के मुताबिक, राज्य के सभी सरकारी स्कूलों में कक्षा 1 से 8वीं तक के बच्चों के लिए शनिवार को हाफ-डे का निर्णय लिया गया है. हालांकि, इन कक्षाओं के शिक्षकों के लिए ऐसी कोई छूट नहीं रहेगी. छात्रों की छुट्टी के बाद भी शिक्षकों को रोजाना एक घंटा अतिरिक्त देना होगा, जिसमें वो शैक्षणिक और प्रशासनिक कार्य निपटाएंगे. इस समय का इस्तेमाल अगले दिन या सप्ताह की पाठ योजना, बच्चों के मूल्यांकन और जरूरत पड़ने पर एक्स्ट्रा क्लास चलाने के लिए किया जाएगा.
Bureau Report
Leave a Reply