संसद में विपक्ष का ड्रामा…! पप्पू यादव बने पुजारी, राहुल गांधी ने डाला चंदा; फिर दानपात्र लेकर भागे MP

संसद में विपक्ष का ड्रामा...! पप्पू यादव बने पुजारी, राहुल गांधी ने डाला चंदा; फिर दानपात्र लेकर भागे MP

संसद का मानसून सत्र लगातार किसी न किसी वजह से गरमाया हुआ है. लेकिन संसद परिसर में आज एक ऐसा सियासी और अनोखा नजारा देखने को मिला, जिसे देखकर हर कोई हैरान रह गया. बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव पुजारी के वेश में जमीन पर बैठे नजर आए, उनके पास एक दानपात्र रखा था और कांग्रेस नेता राहुल गांधी उसमें बाकायदा रुपये डालते दिखे. विपक्ष ने अयोध्या में राम मंदिर के कथित चढ़ावे की चोरी और संसद से गृह मंत्री अमित शाह की गैरमौजूदगी को लेकर यह तंजभरा ‘शॉर्ट प्ले’ पेश किया.

जब पुजारी पप्पू यादव दानपात्र लेकर भाग खड़े हुए!

विपक्षी सांसदों के इस अनोखे विरोध प्रदर्शन की पटकथा बेहद दिलचस्प और व्यंग्य से भरी थी. बता दें कि सांसद पप्पू यादव पुजारी का वेश धारण कर के जमीन पर दानपात्र के साथ जम गए. राहुल गांधी ने आगे बढ़कर दानपात्र में चंदा डाला, जिसके बाद पुजारी बने पप्पू यादव ने अयोध्या के सांसद के पैर छुए. चरण स्पर्श के तुरंत बाद पुजारी बने पप्पू यादव दानपात्र समेटकर अचानक वहां से भाग खड़े हुए. विपक्ष के मुताबिक, इस प्रतीकात्मक नाटक के जरिए वे अयोध्या राम मंदिर के चढ़ावे में हुई कथित वित्तीय अनियमितताओं और चंदा चोरी के मुद्दे पर सरकार को घेर रहे थे.

पीछे खड़े रहे खरगे-प्रियंका, हाथों में थे अमित शाह के पोस्टर्स

इस सियासी नाटक के दौरान पृष्ठभूमि में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, प्रियंका गांधी वाड्रा और इंडिया गठबंधन के तमाम बड़े नेता हाथों में पोस्टर्स लेकर मुस्तैद खड़े थे. पोस्टर्स पर बड़ा-बड़ा लिखा था कि गृह मंत्री अमित शाह संसद से गायब क्यों हैं? विपक्ष का आरोप है कि देश के इतने महत्वपूर्ण मुद्दों पर संसद में चर्चा चल रही है, लेकिन गृह मंत्री सदन से नदारद हैं.

अनोखे विरोध प्रदर्शनों के ‘उस्ताद’ हैं पप्पू यादव

सांसद पप्पू यादव का यह कोई पहला अनोखा विरोध प्रदर्शन नहीं है. इससे पहले भी वह अपने अलग-अलग अवतारों से राजनीतिक गलियारों में सुर्खियां बटोर चुके हैं. कुछ ही समय पहले उन्होंने छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में संसद भवन के बाहर शरीर पर पट्टियां बांधकर घायल और लाठीचार्ज पीड़ित का भेष धरकर विरोध जताया था. मई 2026 में पप्पू यादव पूर्णिया के जलालगढ़ स्थित एक प्राइवेट स्कूल में अचानक टीचर बनकर क्लासरूम में पहुंच गए थे. वहां उन्होंने बच्चों को नैतिकता और जीवन के पाठ पढ़ाए, जिससे वहां मौजूद शिक्षक और बच्चे दोनों दंग रह गए थे. संसद के भीतर हो रहे इस सियासी ड्रामे और विरोध प्रदर्शनों का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.

Bureau Report

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